The news is by your side.

अपने पैसे का रखें ख्याल, बेहतर रिटर्न के लिए चतुराई से ऐसे करें निवेश की शुरुआत

0

ख़बर सुनें

कैलेंडर वर्ष 2018 ने आशावादी तरीके से शुरुआत की थी क्योंकि इक्विटी ने 2017 में बेहतर रिटर्न दिया था। निफ्टी-50 इंडेक्स 2017 में 28 फीसदी बढ़ा था, जबकि निफ्टी मिड कैप-100 ने 47 फीसदी और निफ्टी स्मॉल कैप-250 इंडेक्स ने 57 फीसदी का रिटर्न दिया था। मिड कैप मूल्यांकन संकेतों से पता चल रहा है कि एनएसई मिड कैप का पिछला प्राइस टु बुक (पीबी) निफ्टी की तुलना में पिछले एक दशक में उच्च स्तर पर रहा है।

सस्ते मूल्य पर करें निवेश

कैलेंडर वर्ष 2018 में निफ्टी-50 का रिटर्न 3 फीसदी रहा है। मिड कैप ने 15 फीसदी का घाटा दिया। स्मॉल कैप इंडेक्स ने 27 फीसदी की गिरावट दिखाई। 2018 से जो सीख मिली है, वह मूल्यांकन को लेकर है। यदि आप महंगे मूल्य पर निवेश शुरू करते हैं तो आशंका रहती है कि आपके निवेश पर फायदे की बजाय घाटा मिले क्योंकि बाजार में गिरावट रहती है। इसलिए सस्ते मूल्य पर निवेश करें।

हम अच्छे मूल्य के जोन में 
यदि पिछले साल की शुरुआत की तुलना कैलेंडर वर्ष 2019 की शुरुआत से करें तो सुरक्षा की दृष्टि से ज्यादा मार्जिन है। कच्चे तेलों की कीमतों में कमी, मुद्रास्फीति के रुझान में कमजोरी और बॉन्ड यील्ड की इजिंग से मैक्रोइकनॉमिक स्थितियों में सुधार हुआ है। एनपीए को लेकर हुए प्रावधानों से 2019 में आय वृद्धि में सुधार की उम्मीद है। 31 दिसंबर, 2018 तक जीडीपी की तुलना में इसका बाजार पूंजीकरण 81 फीसदी था, जो दिसंबर, 2007 में 149 फीसदी था। यह स्पष्ट संकेत देता है कि हम कहीं भी किसी बुलबुले के करीब नहीं बल्कि अच्छे मूल्य के जोन में हैं।

वर्तमान में हमें लगता है कि 80 फीसदी स्टॉक अच्छे मूल्य पर हैं। थोड़े बहुत स्टॉक महंगे लग रहे हैं। 2018 में बड़ा झुकाव न केवल मिड और लॉर्ज कैप के रिटर्न प्रोफाइल की ओर था, बल्कि सेक्टरों के इंडिसेस में भी था। जिनमें आईटी और एफएमसीजी का समावेश था, उन्होंने दो अंकों में रिटर्न दिया। रियल्टी, मीडिया, धातु, ऑटो और दूरसंचार जैसे सेक्टरों ने दो अंकों में घाटा दिया। यही रुझान बैंकिंग सेक्टर में बना हुआ है। लेकिन निजी क्षेत्र के बैंक मजबूत बने हैं। सरकारी बैंक एनपीए को लेकर लगातार दबाव में हैं। 2018 के अनुभव को ध्यान में रखते हुए मेरा मानना है कि 2019 संभावित रूप से स्टॉक खरीदारी के लिए रहेगा, जो निवेशकों को अच्छा रिटर्न दिला सकता है। 

– निमेश शाह, एमडी एवं सीईओ, आईसीआईसीआई प्रूडेंशियल एएमसी।

कैलेंडर वर्ष 2018 ने आशावादी तरीके से शुरुआत की थी क्योंकि इक्विटी ने 2017 में बेहतर रिटर्न दिया था। निफ्टी-50 इंडेक्स 2017 में 28 फीसदी बढ़ा था, जबकि निफ्टी मिड कैप-100 ने 47 फीसदी और निफ्टी स्मॉल कैप-250 इंडेक्स ने 57 फीसदी का रिटर्न दिया था। मिड कैप मूल्यांकन संकेतों से पता चल रहा है कि एनएसई मिड कैप का पिछला प्राइस टु बुक (पीबी) निफ्टी की तुलना में पिछले एक दशक में उच्च स्तर पर रहा है।

सस्ते मूल्य पर करें निवेश

कैलेंडर वर्ष 2018 में निफ्टी-50 का रिटर्न 3 फीसदी रहा है। मिड कैप ने 15 फीसदी का घाटा दिया। स्मॉल कैप इंडेक्स ने 27 फीसदी की गिरावट दिखाई। 2018 से जो सीख मिली है, वह मूल्यांकन को लेकर है। यदि आप महंगे मूल्य पर निवेश शुरू करते हैं तो आशंका रहती है कि आपके निवेश पर फायदे की बजाय घाटा मिले क्योंकि बाजार में गिरावट रहती है। इसलिए सस्ते मूल्य पर निवेश करें।

हम अच्छे मूल्य के जोन में 
यदि पिछले साल की शुरुआत की तुलना कैलेंडर वर्ष 2019 की शुरुआत से करें तो सुरक्षा की दृष्टि से ज्यादा मार्जिन है। कच्चे तेलों की कीमतों में कमी, मुद्रास्फीति के रुझान में कमजोरी और बॉन्ड यील्ड की इजिंग से मैक्रोइकनॉमिक स्थितियों में सुधार हुआ है। एनपीए को लेकर हुए प्रावधानों से 2019 में आय वृद्धि में सुधार की उम्मीद है। 31 दिसंबर, 2018 तक जीडीपी की तुलना में इसका बाजार पूंजीकरण 81 फीसदी था, जो दिसंबर, 2007 में 149 फीसदी था। यह स्पष्ट संकेत देता है कि हम कहीं भी किसी बुलबुले के करीब नहीं बल्कि अच्छे मूल्य के जोन में हैं।


आगे पढ़ें

80 फीसदी स्टॉक अच्छे मूल्य पर